सामाजिक-आर्थिक जनगणना के पहले दिन.कलेक्टर सौरभ कुमार ग्राम वेद परसदा और लावर पहुंचे सर्वे का निरीक्षण किया… ग्रामीणों से रूबरू हुए….टीम को दिए आवश्यक निर्देश….?

बिलासपुर (रियाज़ अशरफी)। प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा सामाजिक – आर्थिक सर्वेक्षण का शुभारंभ किए जाने के साथ ही जिले में भी 909 प्रगणक की टीमों ने सर्वे का काम शुरू कर दिया है। महीने भर का यह अभियान 30 अप्रैल तक चलेगा।

सामाजिक-आर्थिक जनगणना सर्वे के पहले ही दिन शनिवार को बिलासपुर कलेक्टर सौरभ कुमार ने मस्तुरी विकासखंड के ग्राम वेद परसदा व लावर का दौरा कर यहां चल रहे सर्वे कार्य का निरीक्षण किया। उन्होंने ग्रामीणों से सर्वे टीम द्वारा पूछे जा रहे सवालों की सही जानकारी उपलब्ध कराने अपील की है। भावी विकास के कार्य और योजनाओं के निर्माण में सर्वे में एकत्र जानकारी का उपयोग किया जायेगा।

कलेक्टर सौरभ कुमार ने निरीक्षण के दौरान वेदपरसदा और लावर में सर्वे टीम को घर घर पहुंचकर ठीक तरीके से सर्वे करने को कहा। कोई भी परिवार सर्वे से छूटना नहीं चाहिए। यदि कहीं पर कोई परेशानी हो तो अपने सुपरवाइजर अथवा जनपद पंचायत के सीईओ से पूछकर समस्या का समाधान कर सकते हैं। यह राज्य सरकार की समयसीमा में पूर्ण होने वाला सर्वोच्च प्राथमिकता का एवं महत्वपूर्ण कार्यक्रम है। इसमें कोताही बर्दाश्त नहीं की जायेगी।

कलेक्टर ने वेदपरसदा में संचालित रीपा योजना की गतिविधियों का भी अवलोकन किया। उन्होंने इन ग्रामों में युवाओं से चर्चा कर बेरोजगारी भत्ता योजना की भी जानकारी दी। गौरतलब है कि जिले की प्रत्येक ग्राम पंचायत में एक प्रगणक दल आज से काम शुरू कर दिए हैं। जिसमें एक महिला सदस्य एवं एक पुरूष सदस्य शामिल हैं, जो घर-घर जाकर सर्वे कर रहे है। सर्वे में मुख्य रूप से परिवार के मुखिया से जुड़ी बुनियादी जानकारी, प्रधानमंत्री आवास योजना की जानकारी, राशन कार्ड, धान विक्रय, नरेगा जॉब कार्ड, परिवार के अन्य सदस्यों की जानकारी, समस्त स्त्रोतों से परिवार की आमदनी, आयकर दाता, परिवार की भूमि,आवास है या नहीं, आवास एवं शौचालय की जानकारी, निराश्रित परिवार, सिंचाई साधन, वाहन एवं अन्य सामग्री, घरेलु ईंधन की व्यवस्था, कुकिंग गैस, कौशल प्रशिक्षण एवं विद्युत कनेक्शन सहित अन्य जानकारी प्राप्त की जाएगी।

सर्वे में प्राप्त डाटा का एप्प के माध्यम से सर्वे स्थल पर ही ऑनलाइन या ऑफलाइन एंट्री की जा रही है। सर्वेक्षण का कार्य एक माह के भीतर 30 अप्रैल तक पूर्ण कराया जाना है। इस सर्वेक्षण का उद्देश्य शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का जनसामान्य के जीवन पर प्रभाव का आकलन कर प्राप्त जानकारी का उपयोग भविष्य में योजनाओं के बेहतर क्रियान्यवन तथा नई योजनाओं के निर्माण हेतु किया जायेगा।
इस अवसर पर मस्तूरी एसडीएम महेश शर्मा, जनपद पंचायत सीईओ कुमार सिंह सहित तहसीलदार एवं अन्य अधिकारी कर्मचारी भी उपस्थित रहे।